लखनऊ: अजीत हत्‍याकांड में वेस्‍ट यूपी के कुख्‍यात गैंगस्‍टर सुनील राठी भी पुलिस के निशाने पर, शूटर राजेश ने खोले राज

राठी की तलाश में छापेमारी की तैयारी कर रही पुलिस 

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न्‍यूज टुडे नेटवर्क। यूपी की राजधानी लखनऊ में हुए बहुचर्चित पूर्व ब्‍लाक प्रमुख अजीत सिंह हत्‍याकांड में पुलिस ने एक और कुख्‍यात गैंगस्‍टर को आरोपी बनाया है। अब पुलिस गैंगस्‍टर की तलाश में छापेमारी करने की तैयारी कर रही है। हत्‍याकांड में पुलिस को अब वेस्‍ट यूपी के कुख्‍यात गैंगस्‍टर सुनील राठी की तलाश है। शूटर राजेश तोमर ने पुलिस को पूछताछ के दौरान राठी की हत्‍याकांड में भूमिका की जानकारी दी। जिसके बाद पुलिस ने अन्‍य तथ्‍यों में भी राठी की भूमिका संदिग्‍ध होना पाया। अब पुलिस राठी की तलाश में टीमें गठित कर विभिन्‍न स्‍थानों पर छापेमारी करने की तैयारी में है।  

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पुलिस को पता चला है कि फरारी के दौरान राजेश तोमर को एक लाख रुपये सुनील राठी ने भिजवाए थे। इस दौरान राजेश तोमर को अलीगढ़ और नई दिल्ली में रुकने का इंतजाम भी सुनील राठी ने किया था। पुलिस ने केस दर्ज करने के बाद अब सुनील राठी को रिमांड पर लेने की तैयारी शुरू कर दी है। लखनऊ के पुलिस कमिश्नर डीके ठाकुर ने बताया कि अजीत सिंह की हत्या में शामिल एक शूटर राजेश तोमर उर्फ जय ने पुलिस कस्टडी रिमांड के दौरान पूछताछ में सुनील राठी की भूमिका का खुलासा किया है। अजीत सिंह की हत्या को अंजाम देने के बाद सुनील राठी ने ही राजेश तोमर को फरार होने में मदद की थी।

पूछताछ में सामने आया कि राजेश को दो बार में एक लाख रुपये भिजवाए थे। जांच में यह भी सामने आया कि फरारी के दौरान सुनील राठी राजेश तोमर के संपर्क में था। जेल के अंदर से ही सुनील राठी राजेश तोमर से बात कर रहा था और उसके मूवमेंट में पूरी मदद कर रहा था। अब पुलिस जल्द ही सुनील राठी को भी रिमांड पर लेगी।

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रिमांड खत्‍म होने के बाद फिर जेल भेजा गया शूटर राजेश

वहीं रिमांड अवधि खत्म होने के बाद शुक्रवार देर शाम पुलिस ने राजेश तोमर उसको जेल में दाखिल कर दिया है। बता दें 6 जनवरी 2021 को राजधानी लखनऊ के विभूति खंड इलाके में पूर्व ब्लाक प्रमुख अजीत सिंह की ताबड़तोड़ गोलियां बरसा कर हत्या हुई थी। इस मामले में राजेश तोमर, बंटी उर्फ मुस्तफा, गिरधारी जैसे शूटर शामिल थे.शूटर गिरधारी इनकाउंटर में मारा जा चुका है।

शूटर गिरधारी पुलिस कस्टडी रिमांड के दौरान भागने की कोशिश में मुठभेड़ में मारा जा चुका है जबकि मुस्तफा और राजेश तोमर को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। इस सनसनीखेज हत्याकांड से लखनऊ पुलिस की काफी किरकिरी हुई थी, पुलिस ने बहुत कम समय में ही हत्याकांड का खुलासा कर आरोपियों पर कार्रवाई भी कर दी है।