योगी सरकार के एग्रेसिव टेस्ट, ट्रैक और ट्रीट अभियान का मुख्यमंत्री ने किया स्थलीय निरीक्षण

सीएम ने कहा- अन्य प्रदेशों की अपेक्षा प्रदेश में संक्रमण कम हो रहा है
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न्‍यूज टुडे नेटवर्क। अपर मुख्य सचिव सूचनानवनीत सहगल ने बताया कि मुख्यमंत्री द्वारा कोविड-19 संक्रमण को नियंत्रित करने के लिए चलाये जा रहे एग्रेसिव टेस्ट, ट्रैक और ट्रीट अभियान का स्थलीय निरीक्षण किया जा रहा है। मुख्यमंत्री द्वारा आज रविवार को झांसी एवं चित्रकूट मण्डल के भ्रमण के दौरान गांव में जा कर कोविड-19 के अभियान को देखने के साथ साथ जनपदीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक भी की जा रही है। उन्होंने बताया कि 3 टी नीति के तहत प्रदेश में टेस्टिंग बढ़ाने, आॅक्सीजन बेडों की संख्या बढ़ाने, आंशिक कफ्र्यू तथा वैक्सीनेशन पर कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि 18 से 44 वर्ष वाले लोगों के साथ-साथ 45 वर्ष से अधिक आयु वालों का वैक्सीनेशन चल रहा है। 01 जून, 2021 से 23 जनपदों में चल रहे 18-44 वर्ष के आयुवर्ग के लोगों का वैक्सीनेशन को पूरे प्रदेश के सभी जनपदों में प्रारम्भ किया जायेगा।

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सहगल ने बताया कि 30 अप्रैल के कुल एक्टिव केसों की अपेक्षा लगभग 02 लाख 20 हजार केस प्रदेश में कम हुए हैं। इसी तरह प्रदेश के कोविड के प्रतिदिन के मामलों में भी 23 अप्रैल की अपेक्षा लगभग 34 हजार मामले कम हुए हैं। मुख्यमंत्री जी द्वारा कोविड-19 के संक्रमण को नियंत्रित करने के लिए प्रतिदिन सम्बंधित विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक की जा रही है। उन्होंने बताया कि अन्य प्रदेशों की अपेक्षा प्रदेश में संक्रमण कम हो रहा है। मुख्यमंत्री का जीवन और जीविका को बचाने का संकल्प है। आंशिक कफ्र्यू को 31 मई, 2021 की प्रातः 07 बजे तक बढ़ा दिया गया है। प्रदेशव्यापी आंशिक कोरोना कर्फ्यू के सकारात्मक परिणाम देखने को मिल रहे हैं। आंशिक कोरोना कर्फ्यू में वैक्सीनेशन, औद्योगिक गतिविधियों, मेडिकल सम्बन्धी कार्य आदि आवश्यक अनिवार्य सेवाओं को यथावत जारी रखा गया है। आंशिक कोरोना कर्फ्यू की अवधि में पूरे प्रदेश के शहरों और गांवों में विशेष सफाई एवं फाॅगिंग अभियान चलाया जा रहा है।

सहगल ने बताया कि  प्रदेश में पंजीकृत औद्योगिक इकाइयों द्वारा मजदूरों को काम दिया जा रहा है। औद्योगिक इकाइयों में कोविड हेल्प डेस्क बनाये गये हंै। इसके अलावा जिन औद्योगिक संस्थानों में 50 से अधिक कर्मचारी कार्य कर रहे ऐसे औद्योगिक संस्थानों में 16 कोविड केयर सेंटर बनाया गया है। जिससे वहां पर कार्य करने वाले कर्मचारियों को समय से इलाज मिल सके।

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सहगल ने बताया कि  सर्विलान्स के साथ-साथ गाँव में लोगों से सम्पर्क करते हुए कोविड लक्षणयुक्त लोगों की पहचान कर उनका कोविड टेस्ट तथा उन्हें मेडिकल किट प्रदान की जा रही है। उन्होंने बताया कि कल लगभग 3.50 लाख मेडिकल किट बांटी गयी है।निगरानी समितियों के द्वारा गाँव में रहने वाले लोगों से सम्पर्क कर कोविड लक्षणों की जानकारी ली जा रही है। कोविड लक्षण मिलने वाले लोगों का आरआरटी टीम द्वारा एन्टीजन कोविड टेस्ट किया जा रहा है। गाँव में संक्रमणयुक्त लोगों को होम आइसोलेशन में रखने के लिए गाँव में ही पंचायत भवन/स्कूल/सरकारी इमारतों मंे आइसोलेट करके उनका उपचार किया जा रहा है। 31 मार्च से 21 मई 2021 तक लगभग 66 प्रतिशत कोविड-19 टेस्ट ग्रामीण क्षेत्र में किये गये है।

सहगल ने बताया कि प्रदेश सरकार किसानों के हितों के लिए कृतसंकल्प है और किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य पर उनकी फसल को खरीदे जाने की प्रक्रिया कोविड प्रोटोकाल का पालन करते हुए तेजी से चल रही है। 01 अप्रैल से 15 जून, 2021 तक गेहँू खरीद का अभियान जारी रहेगा। गेहँू क्रय अभियान में अब तक 06 लाख अधिक से किसानों से 33,53,093.71 मी0 टन गेहूँ खरीदा गया है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री द्वारा निर्देशित किया गया है कि जिलाधिकारी एवं अधीनस्थ अधिकारी क्रय केन्द्रों का निरीक्षण करते रहें तथा किसानों को उनकी फसल का भुगतान 72 घण्टों में दिया जाय। उन्होंने लोगों से अपील की है कि मास्क का प्रयोग करे, सैनेटाइजर व साबुन से हाथ धोते रहे तथा भीड़-भाड़ वाली जगहों पर जाने से बचें।

अपर मुख्य सचिव चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अमित मोहन प्रसाद ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार प्रदेश में बड़ी संख्या में टेस्टिंग कार्य करते हुए, टेस्टिंग क्षमता निरन्तर बढ़ायी जा रही है। गत एक दिन में कुल 3,17,684 सैम्पल की जांच की गयी है, जो अब तक का सर्वाधिक है। 1,48,103 सैम्पल जनपदों से टेस्टिंग के लिए भेजे गये है। प्रदेश में अब तक कुल 4,67,37,022 सैम्पल की जांच की गयी है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में पिछले 24 घंटे में कोरोना सेे संक्रमित 4,844 नये मामले आये हैं तथा 14,086 लोग कोविड-19 से ठीक हुए हैं। अब तक 15,65,802 लोग कोविड-19 से ठीक हो चुके हैं। प्रदेश में कोरोना के कुल 84,880 एक्टिव मामलों है जो 30 अप्रैल के कुल एक्टिव मामलों से 72.74 प्रतिशत कम है। उन्होंने बताया कि 54,646 कोविड मरीज होम आइसोलेश में हैं।

प्रसाद ने बताया कि सर्विलांस की कार्यवाही निरन्तर चल रही है। प्रदेश में अब तक सर्विलांस टीम के माध्यम से 3,53,56,013 घरों के 17,01,24,992 जनसंख्या का सर्वेक्षण किया गया है। उन्होंने बताया कि 18 से 44 वर्ष वाले लोगों के साथ-साथ 45 वर्ष से अधिक आयु वालों का वैक्सीनेशन चल रहा है। अब तक 1,29,28,280 लोगों को वैक्सीन की पहली डोज दी गई तथा पहली डोज वाले लोगों में से 33,47,533 लोगों को वैक्सीन की दूसरी डोज दी गई। इस प्रकार कुल 1,62,75,813 वैक्सीन की डोज लगायी जा चुकी है। 18 से 44 वर्ष के आयुवर्ग के कल 1,05,846 तथा अब तक 10,67,368 लोगों को वैक्सीन लगायी जा रही है। उन्होंने बताया कि 18 से 44 वर्ष के आयुवर्ग के लोगों का वैक्सीनेशन 01 जून से सभी जनपदों में प्रारम्भ किया जायेगा।

प्रसाद ने बताया कि उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा सिटी स्कैन की दरें निर्धारित कर दी गयी हैं, इससे अधिक का पैसा मांगने पर सम्बंधित मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में शिकायत की जा सकती है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि मास्क का प्रयोग अनिवार्य रूप से करे, सैनेटाइजर व साबुन से हाथ धोते रहे। टीकाकरण के बाद भी कोविड प्रोटोकाॅल का पालन अवश्य करें।