चीन और फ्रांस द्विपक्षीय संबंध मजबूत करने के इच्छुक

बीजिंग, 14 जनवरी (आईएएनएस)। चीनी विदेश मंत्री वांग यी ने 13 जनवरी को चीन के च्यांगसू प्रांत के वूशी शहर में फ्रांस के राष्ट्रपति के विदेश मामलों के सलाहकार बर्नार्ड बोना के साथ 22वीं चीन-फ्रांस रणनीतिक वार्ता की सह-अध्यक्षता की। दोनों पक्षों ने लंबे समय तक गहन संपर्क और ईमानदारी से आदान-प्रदान किया।
 | 
चीन और फ्रांस द्विपक्षीय संबंध मजबूत करने के इच्छुक बीजिंग, 14 जनवरी (आईएएनएस)। चीनी विदेश मंत्री वांग यी ने 13 जनवरी को चीन के च्यांगसू प्रांत के वूशी शहर में फ्रांस के राष्ट्रपति के विदेश मामलों के सलाहकार बर्नार्ड बोना के साथ 22वीं चीन-फ्रांस रणनीतिक वार्ता की सह-अध्यक्षता की। दोनों पक्षों ने लंबे समय तक गहन संपर्क और ईमानदारी से आदान-प्रदान किया।

इस बात पर सहमति हासिल हुई कि सिलसिलेवार प्रमुख मुद्दों पर चीन और फ्रांस के समान विचार हैं और द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने पर समान अपेक्षाएं भी हैं। दोनों पक्षों ने दोनों देशों के नेताओं की कूटनीति की रणनीतिक अग्रणी भूमिका निभाते हुए द्विपक्षीय संबंधों में व्यावहारिक सहयोग की स्तंभ भूमिका पर प्रकाश डालने, चीन-यूरोप संबंधों में चीन-फ्रांस संबंधों की अनुकरणीय भूमिका निभाने की इच्छा व्यक्त की। साथ ही फ्रांस के यूरोपीय संघ के अध्यक्ष देश बनने के मौके का लाभ उठाकर चीन-फ्रांस, चीन-यूरोप संबंधों के स्वस्थ और स्थिर विकास को बढ़ावा दें।

Bansal Saree

वांग यी ने सबसे पहले चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग की ओर से फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों को हार्दिक बधाई दी। उन्होंने कहा कि दोनों पक्षों को राष्ट्र प्रमुखों की कूटनीति की सेवा करने को सर्वोच्च प्राथमिकता देनी चाहिए, स्वतंत्र कूटनीति की परंपरा का पालन करना चाहिए। दोनों पक्षों को संवाद के माध्यम से आपसी विश्वास बढ़ाने पर जोर देना चाहिए और आपसी लाभ व उभय जीत की भावना के साथ सहयोग को गहरा करना चाहिए, ताकि चीन-फ्रांस संबंधों और चीन-यूरोप संबंधों की अच्छी शुरूआत हो सके।

बोना ने चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग को फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों की ओर से नए साल की बधाई दी। उन्होंने कहा कि फ्रांस दोनों देशों के नेताओं के बीच दोस्ती को बहुत मूल्यवान समझता है, फ्रांस और चीन के बीच रणनीतिक संपर्क को बहुत महत्व देता है, और दोनों देशों के प्रमुखों द्वारा संपन्न सहमतियों का संयुक्त रूप से कार्यान्वयन करने और आपसी लाभ व उभय जीत हासिल करने को तत्पर है। फ्रांस खेलों के राजनीतिकरण का विरोध करता है, और फ्रांसीसी एथलीट पेइचिंग शीतकालीन ओलंपिक में भाग लेने के लिए उत्सुक हैं।

Devi Maa

वांग यी ने उम्मीद जतायी कि यूरोपीय पक्ष चीन के प्रति सकारात्मक और व्यावहारिक नीति का पालन करना जारी रखेगा। बोना ने कहा कि यूरोप अपनी रणनीतिक स्वतंत्रता का पालन करना जारी रखेगा। यूरोप और चीन को एक-दूसरे के विपरीत नहीं होना चाहिए, यहां तक कि एक दूसरे का विरोध करना नहीं चाहिए, बल्कि उच्च-मानक वाले साझेदार बने रहना चाहिए। फ्रांस थाइवान से संबंधित मुद्दों के महत्व और संवेदनशीलता को समझता है और एक-चीन के सिद्धांत का पालन करता रहेगा।

(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)

--आईएएनएस

आरजेएस