क्या आपको पता है ? पूरी दुनिया में स्कूल बस का रंग पीला ही क्यों होता है

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नई दिल्ली- न्यूज टुडे नेटवर्क : भारत में ही नहीं बल्कि दूसरे देशों में भी स्कूलों की बसों का रंग पीला होता है दसअसल वर्ष 1930 में इस बात की पुष्टि हुई थी कि पीला रंग एक ऐसा रंग है जो किसी भी रंग की तुलना में आंखों को जल्दी दिखाई देता है क्योंकि पीला रंग में और रंगों की अपेक्षा 1.24 गुना ज्यादा आकर्षण होता है यही कारण है कोहरे में हम वाहनों में पीले रंग की लाइट का प्रयोग करते हैं और सडक़ मार्गों पर भी ट्रैफिक लाइट और खास सांकेतिक बोर्ड को पीले रंग में रंगा जाता है भारत में वर्ष 2012 में उच्च न्यायालय द्वारा स्कूलों के लिए गाइड लाइन्स जारी की गयी जिसमें यह भी कहा गया था कि सभी स्कूलों की बसों का रंग पीला होगा और बसों पर स्कूल का नाम और प्रधानाचार्य का मोबाइल नंबर अंकित होना चाहिए बसों के अंदर प्राथमिक उपचार की सुविधा उपलब्ध होनी चाहिए यही कारण है कि स्कूल बसों का रंग पीला होता है।

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स्कूल की बसों का रंग पीला ही क्यों होता है

साल 1939 में डॉक्टर फ्रेंक ने अमेरिका की बसों के मानकों की स्थापना के लिए एक सम्मेलन का आयोजन किया था। इसमें स््र की सभी बसों के लिए एक मानक पीला रंग भी शामिल था। इस रंग को नेशनल स्कूल बस क्रोम के नाम से जाना जाता था। स्टॉप लाइट और स्पॉट लाइट लाल रंग के ही होते हैं। कई लोगो का मानना है कि लाल रंग ज्यादा ध्यान आकर्षित करता है। जबकि वास्तव में पीला रंग अन्य रंगों की तुलना में ज्यादा ध्यान आकर्षित करता है। यहां तक कि अगर आप सीधा देख रहे हैं और कोई पीला ऑब्जेक्ट आपके सामने न होकर साइड में रखा हुआ है तो उस पीले ऑब्जेक्ट को आप आसानी से देख सकते हैं। एक शोध में वैज्ञानिकों ने पाया कि पीले कलर को लाल कलर की तुलना में 1.24 गुना ज्यादा बेहतर देख सकते हैं अंधेरे वातावरण में भी पीला रंग आसानी से देखा जा सकता है। वहीं कोहरे में भी पीले रंग को काफी जल्दी देखा जा सकता है।

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क्या है इसका कारण

भारत की स्कूल बसों की बात करे तो साल 2012 में उच्च न्यायालय ने स्कूल की बसों को लेकर गाइडलाइन जारी की गयी थी जिनके अनुसार बसों के भीतर प्राथमिक उपचार की सुविधा उपलब्ध होनी चाहिए। बसों पर स्कूल का नाम और प्रधानाचार्य का मोबाइल नंबर लिखा होना चाहिए। स्कूल बस चालक का वेरीफिकेशन होना चाहिए इन सबके अलावा बसों की गति की निर्धारण करते हुए उसमें स्पीड गवर्नर होना चाहिए। अगर कोई स्कूल बस इन नियमों को फ़ॉलो नहीं करती है तो आप इसके खिलाफ शिकायत कर सकते हैं। स्कूल बस का रंग पीला होने से स्कूल बस हादसों में भी गिरावट आयी है। इन्ही सब कारणों से स्कूल बस का रंग पीला निर्धारित किया गया है।