नई दिल्ली-  Physics के प्रवक्ता से कैसे बन गये Politician , जानिये गृहमंत्री राजनाथ सिंह का राजनीतिक सफरनामा

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नई दिल्ली- भारतीय जनता पार्टी के शीर्षस्थ नेताओं में से एक राजनाथ सिंह वर्तमान में देश के गृहमंत्री के रूप में अपनी सेवायें दे रहे हैं। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से लेकर भारतीय जनता पार्टी में अध्यक्ष सरीखे अहम पदों पर काबिज रहने वाले राजनाथ सिंह के राजनीतिक कद को इस बात से समझा जा सकता है कि वह देश के सबसे अहम पदों में से एक माने जाने वाले गृह मंत्रालय की कमान संभाले हुए हैं।

आइये जानिये कैसे राजनाथ सिंह ने देश की राजनीति में शुरूवात की और कैसे भारतीय जनता पार्टी के सशक्त नेता के रूप में खुद को स्थापित किया।

Rajnath Singh

राजनाथ सिंह का जन्म और परिवार

राजनाथ सिंह का जन्म 10 जुलाई, 1951 को उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले के एक छोटे से ग्राम भाभोरा में हुआ था। उनके पिता का नाम राम बदन सिंह और माता का नाम गुजराती देवी था। 1971 में उनका विवाह सावित्री सिंह के साथ हुआ। जिनसे उन्हें पंकज सिंह, अनामिका सिंह, नीरज सिंह के रूप में 3 संतानें प्राप्त हुई। राजनाथ सिंह एक साधारण कृषक परिवार में जन्में थे और आगे चलकर उन्होंने गोरखपुर विश्वविद्यालय से प्रथम श्रेणी में भौतिक शास्त्र में आचार्य की उपाधि प्राप्त की। वे 13 वर्ष की आयु से (सन् 1964 से) संघ परिवार से जुड़े हुए और मिर्ज़ापुर में भौतिकी व्याख्याता की नौकरी लगने के बाद भी संघ से जुड़े रहे।

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Rajnath Singh
पीएम मोदी के साथ गृहमंत्री राजनाथ सिंह

1974 में, माथे पर एक चमकदार लाल तिलक के साथ, उन्हें भारतीय जनसंघ का सचिव नियुक्त किया गया। राजनाथ सिंह ने अपने राजनैतिक जीवन की शुरुआत उत्तर प्रदेश से की, वो 2000 से 2002 तक उत्तर प्रदेश के मुख्यमन्त्री तथा राष्ट्रीय जनतान्त्रिक गठबन्धन के शासन में कृषि मंत्री रहे।

 कैसे हुई  राजनीति में राजनाथ सिंह की शुरूवात

1974 में उत्तर प्रदेश के मिर्ज़ापुर क्षेत्र से उन्हें भारतीय जनसंघ (सचिव) के रूप में नियुक्त किया गया। 1975 में उन्हें भारतीय जनसंघ में जिला अध्यक्ष के रूप में नियुक्त किया गया। 1977 में वह मिर्जापुर निर्वाचन क्षेत्र से सांसद चुने गए। 1984 में वह यूपी भाजपा युवा मोर्चा के अध्यक्ष बने। 1986  में वह भाजपा युवा मोर्चा के राष्ट्रीय महासचिव के रूप में नियुक्त किए गए। 1988 में वह भाजपा युवा मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने। 1988 में वह उत्तर प्रदेश की विधानपरिषद के सद्स्य चुने गए। 1991 में उन्होंने उत्तर प्रदेश के शिक्षा मंत्री के रूप में कार्य किया।

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1994 में वह राज्य सभा के सद्स्य बने।1997 25 मार्च को, वह उत्तर प्रदेश भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बने। 1999 22 नवम्बर को, वह अटल बिहारी वाजपेयी की नेतृत्व वाली सरकार में केंद्रीय भूतल परिवहन मंत्री बने। 2000 28अक्टूबर को, उन्होंने उत्तर प्रदेश राज्य के 19वें मुख्यमत्रीं के रूप में शपथ ग्रहण की। 2002 वह भाजपा पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव बने।

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24 मई 2003 को, केंद्रीय कृषि मंत्री के रूप में कार्य किया और उसके बाद उन्होंने खाद्य प्रसंस्करण के लिए कार्य किया। 2004 में उन्हें भाजपा का राष्ट्रीय महासचिव के रूप में नियुक्त किया गया। 2005 31 दिसंबर को, वह भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने। 2009 उत्तर प्रदेश के जिला गाजियाबाद क्षेत्र से सांसद चुने गए। 2014 उत्तर प्रदेश के जिला लखनऊ क्षेत्र से सांसद चुने गए। 2014 26 मई को, वह मोदी सरकार में केन्द्रीय गृह मंत्री के रूप में नियुक्त किए गए।