प्राइवेट नौकरी की राह में मुसीबत से कम नही है ‘गार्डन लीव’, जान लें वरना झेलनी पड़ सकती है मुसीबत

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नई दिल्‍ली- न्यूज टुडे नेटवर्क: आज के वक्त में सरकारी नौकरी भले ही हर किसी के नसीब में ना हो लेकिन प्राइवेट जॉब्स के माध्यम से हर कोई अपने सपनों को पूरा करने की जुगत में लगा रहता है। प्राइवेट जॉब में योग्यता और मेहनतकश युवाओं के लिए अवसरों की कोई कमी नही होती। ऐसे में युवा हर बार बेहतर से बेहतर नौकरी ढूंढने की फिराक में रहते हैं।

ऐसे में कंपनियां भी अपने बेहतर इम्पलॉय को रोकने के लिए उनको बेहतर सैलरी का प्रोत्‍साहन देती हैं। इम्प्लॉय को कंपनी में रोकने के लिए एचआर डिपार्टमेंट ज्‍वाइन के वक्‍त ही ‘गार्डन लीव’ का क्‍लॉज भरवा लेती हैं। ऐसे में नौकरी बदलने की स्थिति में यह गार्डन लीव कई लोगों को परेशानियों में डाल रही है और प्रतिस्पर्धी कंपनी को भी बहुत लाभ नहीं हो रहा है। ऐसे में कई बार इम्प्लॉइज को ‘गार्डन लीव’ के बारे में कुछ पता ही नही होता। आज हम गार्डन लीव के बारे में ऐसी की जानकारी आपसे शेयर कर रहे हैं।

जानें क्या है गार्डन लीव

आमतौर पर जब कोई व्‍यक्ति कंपनी से इस्‍तीफा देता है तो आमतौर पर एक-दो महीने के नोटिस पीरियड को सर्व करता है। गार्डन लीव का रोल इसके बाद ही शुरू होता है। यह दरअसल वह अवधि होती है जब व्‍यक्ति पिछली कंपनी को तो छोड़ देता है लेकिन अगली को ज्‍वाइन नहीं कर सकता। ये आमतौर पर कंपनी छोड़ने के बाद 3 से 6 महीने का हो सकता है। यानी गार्डन लीव के तहत कंपनी छोड़ने के बाद इस तय अवधि तक कहीं और ज्‍वाइन नहीं कर सकता।

कंज्यूमर और टेक क्षेत्र की कंपनियों में होता है ज्यादा इस्तेमाल

इसका सीधा असर यह होता है कि प्रतिस्पर्धी कंपनी ऐसे टैलेंट को हायर करने से संकोच करती है क्‍योंकि बिना वजह उसको इंतजार करना पड़ता है। इसी तरह पिछली कंपनी ज्‍वाइन करते वक्‍त उस व्‍यक्ति ने यदि गार्डन लीव संबंधी प्रतिबद्धता पर साइन किए होते हैं तो उसके कारण वह भी इस अवधि के दौरान नई जगह ज्‍वाइन नहीं कर पाता। इससे उस व्‍यक्ति को भी नुकसान होता है।

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वास्‍तव में फाइनेंस, बैंकिंग सेक्‍टर के टॉप मैनेजमेंट की जॉब में इस तरह के प्रावधानों को देखा गया है। लेकिन अब यह ट्रेंड आमतौर पर कंज्‍यूमर, टेक जैसे क्षेत्रों की कंपनियों के सीनियर लेवल की जॉब में भी देखने को मिलने लगा है। दरअसल इसका मकसद ही अपने टैलेंट को रोकना और दूसरी कंपनी की हायरिंग प्रक्रिया को हतोत्‍साहित करना है।