OMG ! ‘कडक़नाथ’ आपको बना देगा लोहे सा फौलादी , कीमत सिर्फ 900 रुपये 

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नई दिल्ली-न्यूज टुडे नेटवर्क : औषधीय गुण, सबसे कम फैट, चटखदार काले रंग, हमेशा याद रहने वाले लजीज स्वाद आदि के लिए पहचाने जाने वाले ‘कडक़नाथ’ प्राजाति के मुर्गा-मुर्गियों की डिमांड इन दिनों काफी बढ़ गई है। आदिवासी बहुत क्षेत्र झाबुआ में पाए जाने वाले कडक़नाथ की मांग सर्दियों के दिनों में देश ही नहीं विदेशों मेें भी होती है। आपको बता दें कि कडक़नाथ मुर्गे की ही एक प्रजाति है। यह मुर्गा बहुत कम मिलता है लेकिन इसके बारे में दावा किया जाता है कि इसका मीट इंसानों के लिए बेहद फायदेमंद होता है। कहते हैं कि जो भी इस मुर्गे के मीट को खाता है उसका शरीर लोहे की तरह फौलादी हो जाता है।

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जानें क्या है खासियत

आपको बता दें कि कडक़नाथ मुर्गा साधारण मुर्गे से बिलकुल अलग होता है, इस मुर्गे का रंग सफेद नहीं बल्कि काला होता है यहां तक की इसका मीट भी काले रंग का होता है साथ ही इसके अंडे भी काले रंग के होते हैं, ऐसे में कुछ लोग इसके रंग की वजह से इसका मीट खाने से परहेज करते हैं, क्योंकि साधारण मुर्गे के मीट का रंग सफेद होता है वहीं कडक़नाथ का मीट काले रंग का होता है। कड़कनाथ नस्ल की मुर्गियां साढ़े चार माह में लगभग 12 से 13 सौ ग्राम वजन की हो जाती हैं व अंडा का उत्पादन शुरु कर देती हैं। एक मुर्गी औसतन 90 से 120 तक अंडे देती हैं। कड़कनाथ के विशिष्ट गुणों के कारण बाजार में इसकी काफी मांग है व मूल्य अन्य मुर्गियों की अपेक्षा चार गुना अधिक है।

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इस वजह से खाते हैं लोग

कडक़नाथ पूर्वी मध्यप्रदेश में सबसे ज्यादा पाया जाता है, वहां पर इसे काली मासी के नाम से भी जाना जाता है। आपको बता दें कि जहां आम मुर्गे में फैट काफी मात्रा में होता है वहीं कडक़नाथ में फाइट बेहद कम होता है लेकिन इसमें प्रोटीन इतना ज्यादा होता है कि लोग इसे खाना पसंद करते हैं। अपने है प्रोटीन की वजह से जिम जाने वाले युवा इसे खाते हैं। कडक़नाथ के मीट की कीमत 900 रुपये प्रति किलो होती है।

कड़कनाथ की विशेषता

काले रंग की इस कड़कनाथ मुर्गी का एक अंडा 50 रुपए में बिकता है मुर्गी और मुर्गी की कीमत भी बायलर के मुकाबले करीब दोगनी है। यह मुर्गी दरअसल अपने स्वाद और सेहतमंद गुणों के लिए मशहूर है कड़कनाथ भारत का एकमात्र काले मांस वाला चिकन है। इसका मीट और अंडा बॉयलर तो दूर की बात देसी मुर्गे से भी कहीं ज्यादा महंगा बिकता है।