सरकार का नया प्लान : अब 24 डिग्री से कम पर नहीं चलेगा AC

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नई दिल्ली- न्यूज टुडे नेटवर्क : गर्मियों का मौसम चल रहा है और ज्यादातर घरों में एसी का इस्तेमाल हो रहा है। ऐसे में देश में बिजली की खपत भी तेजी से बढ़ रही है। हालांकि घर-ऑफिस में एसी का आदर्श तापमान कितना रखा जाए, इसकी जानकारी भी लोगों को कम ही होती है इसीलिए अब सरकार इसको लेकर एक नियम ला सकती है। बिजली मंत्रालय आने वाले समय में एयर कंडीशनर (एसी) के लिए तापमान का सामान्य स्तर 24 डिग्री नियत कर सकता है। अगर ऐसा होता है तो देश भर में सालाना 20 अरब यूनिट सालाना बिजली की बचत होगी साथ ही लोगों के हेल्थ पर भी सकारात्मक असर पड़ेगा।

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चलेगा जागरूकता अभियान

बिजली मंत्रालय का कहना है कि इसे जागरूकता अभियान के तौर पर चलाया जाएगा जिसे 4 -6 महीने तक जारी रखा जाएगा। इसके बाद सरकार का इरादा लोगों से राय लेने के बाद इसे नियम बनाकर अनिवार्य बनाने का है। अनिवार्य बनाए जाने के बाद कोई भी एसी निर्माता एसी का डिफॉल्ट तापमान 24 डिग्री सेल्सियस से कम नहीं रख पायेगा। सरकार जागरुकता अभियान के दौरान लोगों से भी अपील करेगी कि अपने अपने घरों में लगे एसी का तापमान 24 डिग्री सेल्सियस से कम नहीं रखें।

कहां लागू होगा नियम ?

एसी का तापमान 24 डिग्री अनिवार्य रखने का नियम बनने के बाद इसे बड़ी इमारतों जैसे एयरपोर्ट, होटल, शॉपिंग मॉल और केंद्र और राज्य सरकारों के साथ साथ सरकारी क्षेत्र के सभी उपक्रमों जैसे बैंकों में लागू कर दिया जाएगा। हालांकि नियम बनने के बाद भी हमारे आपके घरों में पहले से लगे एसी काम करते रहेंगे। लेकिन सरकार लोगों से तापमान 24 डिग्री रखने की अपील करेगी ।

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आखिर क्यों पड़ी है इस पहल की जरूरत

बिजली मंत्रालय के अंडर काम करने वाले ऊर्जा दक्षता ब्यूरो (बीईई) ने इस बारे में स्टडी की है। बीईई का कहना है कि मौजूदा बाजार स्थिति को देखते हुए एसी की वजह से देश में कुल लोड 2030 तक 200,000 मेगावाट हो जाएगा। इसमें आगे और वृद्धि की उम्मीद है क्योंकि अभी देश में केवल 6 प्रतिशत घरों में एसी का उपयोग हो रहा है। एक अनुमान के मुताबिक अभी लगे एसी की क्षमता 8 करोड़ टीआर (टन आफ रेफ्रिजरेटर) है जो बढक़र 2030 तक 25 करोड़ टीआर हो जाएगी। एक अनुमान के मुताबिक अगर एसी का तापमान 1 डिग्री बढ़ाया जाता है तो इससे बिजली की खपत करीब 6 फीसदी घट जाती है। एक अनुमान के मुताबिक ऐसा करने से देश में हर साल 20 अरब यूनिट की बिजली बचाई जा सकेगी।

जापान जैसे कई देशों में है एसी के लिए नियम

आर के सिंह ने इसे ऊर्जा की बर्बादी बताते हुए कहा कि जापान जैसे कुछ देशों में तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रखने के लिए नियम बनाए गए हैं। प्राय: देखा जाता है कि होटल तथा दफ्तरों में तापमान 18 से 21 डिग्री रखा जाता है। जो कि शरीर के लिए भी हानिकारक है। इस तापमान में लोगों को गर्म कपड़े पहनने पड़ते हैं या कंबल का उपयोग करना होता है।