बरेली- “क्रेडाई क्लीन सिटी मूवमेंट” का हुआ आगाज, अब बरेली दिखेगा और भी खूबसूरत…

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[न्यूज टुडे नेटवर्क]. कंफडरेशन ऑफ रियल एस्टेट डेवलपर्स एसोसिएशंस ऑफ इंडिया द्वारा देश के विभिन्न नगरों में चलाए जा रहे ‘क्रेडाई क्लीन सिटी मूवमेंट’ को बरेली में आरंभ करने के लिए क्रेडाई नेशनल के सीसीसीएम मैनेजर दिनेश बंडेला तथा अपशिष्ट निस्तारण मशीनों के निर्माता ईको इन्वाइरो इंजीनियर्स के डिजाइन हेड आदित्य चौधरी के क्रेडाई सदस्यों की टाउनशिप्स का भ्रमण किया. उन्होंने क्रेडाई सदस्यों को उनके हाउसिंग प्रोजेक्ट्स में उत्पन्न कूड़े के प्रोजेक्ट के भीतर ही निस्तराण के उपयुक्त विक्लप सुझाए.

300 किलो प्रतिदिन कूड़ा निस्तारण की मशीन टाउनशिप में लगेगी

उत्तर प्रदेश में यही पहली कंपनी है जिसने सीसीसीएम के साथ एमओयू साइन किया है. कंपनी के डायरेक्टर हरदीप सिंह ओबराय ने 300 किलो प्रतिदिन कूड़ा निस्तारण की क्षमता वाली मशीन को टाउनशिप में लगाने में दिलचस्पी दिखाई. उन्होंने कहा कि इस अभियान को सफल बनाने के लिए टाउनशिप निवासियों के लिए वर्कशाप आयोजित की जाएगी तथा प्रेरक बैनर्स एवं पोस्टर्स लगाएं जाएंगे.

काम्पीटेंट ग्रुप के चेयरमैन विपिन अग्रवाल एवं डॉयरेक्टर राजेश गुप्ता के साथ विशेषज्ञों ने इन्टरनेशनल सिटी का भ्रमण किया. अग्रवाल ने कूड़ा निस्तारण की समूची प्रक्रिया को बारीकी से समझा. उन्होंने टाउनशिप में इसी वर्ष कूड़ा निस्तारण वाली मशीन लगाने का निश्चय किया है.

 

होराइजन ग्रुप के डॉयरेक्टर प्रिंस छाबड़ा ने बरेली में क्रेडाई क्लीन सिटी मूवमेंट को एक सकारात्मक एवं आवश्क पहल बताते हुए अपनी टाउनशिप ‘होराइजन हारमनी’ एवं डीजी इंफा ग्रुप के साथ संयुक्त प्रोजेक्ट ‘पार्क सिटी’ में 200 किलो प्रतिदिन कूड़ा निस्तारण की क्षमता वाली तीन-तीन मशीनें लगाने की इच्छा व्यक्त की.

आदित्य चौधरी ने डेवलपर्स से कहा कि कॉलोनियों में कूड़ा निस्तारण मशीन लगाने के लिए वहां न्यूनतम 100 परिवारों का निवास होना आवश्यक है. कॉलोनी निवासियों को फल, सब्जी इत्यादि का गीला कूड़ा हरी डस्टबिन में और सूखा कूड़ा(प्लास्टिक, रबर, ग्लास आदी) नीले डस्टबिन में डालना होगा. गीला कूड़ा प्रतिदिन कम्पोस्टर मशीन में डाला जाएगा जिससे पहली बार दस दिन में खाद तैयार होगी फिर मशीन प्रतिदिन खाद तैयार करने लगेगी. शहरों को स्वच्छ बनाने में क्रेडाई का यह बहुत महत्वपूर्ण योगदान होगा.